Tuesday, July 01, 2008

आइए सुनें युवा कलाकार अली अब्बास की आवाज़ में ये पंजाबी गीत : कदि आ मिल साँवल यार वे...

गीत शब्दों से बनते हैं। गीतकार की भावनाओं को संगीत और आवाज के माध्यम से संगीतकार और गायक श्रोता के दिल में उतारते हैं। पर कई बार मेरे साथ ऍसा भी हुआ है जब गीत और संगीत दोनों पार्श्व में चले गए हों और रह गई हो तो सिर्फ एक आवाज़।


दर्द में डूबती सी आवाज़...
दिल में उतरती सी आवाज़...
रोंगटे खड़ी करती आवाज़...



पिछले दिनों NDTV IMAGINE के शो जुनूँ कुछ कर दिखाने का में मुझे कुछ ऍसी ही एक आवाज को सुनने का मौका मिला ...गायक थे फैसलाबाद , पाकिस्तान से आए अली अब्बास । अली अब्बास इस कार्यक्रम में 'सूफी के सुलतान' टीम के सदस्य हैं। अली अब्बास ने संगीत की तालीम नज़ाकत अली, हसन सिद्दिकी और इज़ाक क़ैसर से ली है। इस कार्यक्रम में गाए उनके जिस गीत की बात मैं कर रहा हूँ वो एक पंजाबी गीत है जिसे मूल रूप से पाकिस्तानी गायक मीकाल हसन साहब ने अपने एलबम 'समपूरन' में गाया था। मैंने इस गीत को सुनने के बाद मीकाल साहब का गाया हुआ वर्सन भी सुना पर उसमें वो बात नहीं दिखी जो इस युवा कलाकार की गायिकी (और वो भी Live Performance) में नज़र आई।

इस गीत पर गौर करें तो पाएँगे कि ये प्रेम में विकल नायिका की अपने दूर जाते प्रेमी को वापस बुलाने की करुण पुकार है। अली अब्बास ने जब इस गीत को गाया तो ऍसा लगा कि ये सारा दर्द मैं खुद महसूस कर पा रहा हूँ। मुखड़े में सुर के उतार चढ़ाव तो इस खूबसूरती से लगाए गए हैं कि एक बार सुन कर ही मन वाह वाह कर उठता है।



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साजण प्रीत, लगा के..........
दू..र दे..श मत जात
दू......र दे.....श मत जात
बसो हमा..री नगरी..
मोहे सुंदर मुख दिखलात
कदि आ मिल सांवल यार वे
ओ कदि आ मिल साँवल यार वे
मेरे रूं रूं चीख पुकार वे..(२)
कदि आ......चीख पुकार वे
कदि आ मिल साँवल यार वे...(२)

मेरी जिंदड़ी होई उदास वे
मेरा सांवल आस ना पास वे
मेरी जिंदड़ी होई उदास वे
मेरा सांवल आस ना पास वे
मुझे मिले ना चार कहार वे
मुझे... मिले ना चार कहा..र वे
कदि आ मिल साँवल यार वे...(२)

तुझ हरजाई की बाहों में
और प्यार परीत* की राहों में (* प्रीत)
तुझ हरजाई की बाहों में
और प्यार परीत की राहों में
मैं तो बैठी सब कुछ हार वे...(२)
कदि आ मिल साँवल यार वे...(२)
मेरे रूं रूं** चीख पुकार वे
(यहाँ 'रूं रूं', 'रोम रोम'को कहा गया है)

पंजाबी का बेहद अल्प ज्ञान रखता हूँ और इस गीत के लफ्ज़ सुन के यहाँ लिखे हैं। अगर कोई गलती दिखे तो बताने की कृपा कीजिएगा।

इस गीत को यू ट्यूब पर भी देखा जा सकता है





तो कैसा लगा ये गीत आपको ? अगले कुछ दिनों में एक और बेहतरीन कलाकार से मिलाने का मेरा वादा है जिसके गीतों में आप मिट्टी की सोंधी खशबू जरूर महसूस करेंगे...
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18 comments:

रंजू ranju on July 01, 2008 said...

यह प्रोग्राम मुझे भी बेहद पसंद है ..यह भी बहुत पसंद आया था अच्छा लगा इसको यहाँ देखकर अब इसको अक्सर सुना जा सकता है शुक्रिया

nadeem on July 01, 2008 said...

मनीष आपकी पसंद कि दाद देता हूँ और ये भी मानता हूँ कि उनका गाया ये गीत ओरिजनल से काफी अच्छा है. और दिल को छूता है.

DR.ANURAG on July 01, 2008 said...

मनीष जी अजीब इत्तेफाक है कल ही मेरी सिस्टर इन ला इस का जिक्र किया ओर आज आपने रूबरू कर दिया .....

अभिषेक ओझा on July 01, 2008 said...

ये कार्यक्रम तो मैं नही देखता और पंजाबी का ज्ञान भी आपसे कम ही है... पर गीत वाकई अच्छा है.

Mired Mirage on July 01, 2008 said...

बहुत सुन्दर गीत है। बहुत समय बाद पंजाबी गीत सुना। धन्यवाद सुनवाने के लिए।
घुघूती बासूती

Udan Tashtari on July 01, 2008 said...

बेटों से अली अब्बास का नाम बहुत सुना था आज सुन भी लिया. बेहतरीन प्रस्तुति. आभार.

Harshad Jangla on July 02, 2008 said...

Manishbhai

Enjoyable VDO.
Nice presentation. Thanx.

-Harshad Jangla
Atlanta, USA

कंचन सिंह चौहान on July 02, 2008 said...

aaj kal aa rahe msic shows me sab se favourite programme hai mera.... but problem mere saath yahi aa jati hai ki Sufi geet adhiktar Bulle Shah jaise Punjabi Rachanakaro ke hai aur vo mujhe kam samajh me aati hai...!

Parul on July 03, 2008 said...

AAJ SUN PAAYII..SUREELI POST HAI

Manish Kumar on July 07, 2008 said...

गीत पसंद करने के लिए आप सब का धन्यवाद !
कंचन इस गीत के बोल बेहद सहज हैं आप सुन कर देखें..

Anonymous said...

Shukriya - Malini Ji Ka Dhobi Sangeet aur Kalpana Ji Ka Haathi Mahawat Sangeet ke bare mein Zaroor likhiye.

Uma on July 29, 2008 said...

This is a very beautiful song. Ali Abbas has sung it so nicely. He has a mesmerising voice. Even his brother Amanat Ali sung this song in Saregamapa challenge 2007, he also sung so well ...it was his soul stirring performance.

Manish Kumar on July 30, 2008 said...

Welcome to my blog Uma !
I also heard Amanat version on you tube before posting this song. Ali Abbas carries the pain of the song so well in his voice.

megha on August 10, 2008 said...

ali abbas u r a damned great singer.i really admire da voice quality u hav.keep singing like this.crazy fans like me r here 2 vote for you.u look damned handsome in moustache n beard.you look so innocent.man i really love you.keep entertaining us. ur crazzy fan from ranchi- varsha.

sanjay on October 13, 2008 said...

junoon kuch kae dekhne mujhe behad pasand aur mei chahta hun aisa program fir chalu ho.

splitsvilla on October 24, 2008 said...

mujhe aapka andaje bayan bahut aachaa lagta hai aur mai aur mera parivaar aapka bahut bada FAN hai issiliye hum sab family member aapko aapne ghar par dawat dena chhate hai aur hum aapka phone number bhi jannna chhate hain-mai aapko apna cell no(+919930392198) bhej raha hun ki aap ek baar jarur hum sab se baat karenge. allah aapko khub bulandiyeon par le jaye. subh kamnaoyon sahit.....
aapke geeton ka murid

Manish Kumar on October 24, 2008 said...

@ Megha, Sahi kaha :)

@ Sanjay haan ye program kuch hatke juroor tha waise finally malini,ali abbas, kalpana ya aabhaas mein se koyi jeetta to jyada achcha rahta.

@ splitsvilla Asha hai Ali Abbas ji tak aap logon ki baat pahunch jayegi aur wo aapकi dawat qubool karenge....

rippychadha on February 08, 2010 said...

mind blowing. the lyrics,music and voice toches your soul

 

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